मैहर की बेटी ने किलिमंजारो पर फहराया तिरंगा:19,298 फीट की बर्फीली चोटी पर गाया राष्ट्रगान, किसान की बेटी ने रचा इतिहास
मैहर की बेटी ने किलिमंजारो पर फहराया तिरंगा:19,298 फीट की बर्फीली चोटी पर गाया राष्ट्रगान, किसान की बेटी ने रचा इतिहास
मैहर जिले के अमरपाटन ब्लॉक की रहने वाली पर्वतारोही अंजना सिंह ने 26 जनवरी को एक और उपलब्धि अपने नाम कर ली। अंजना ने गणतंत्र दिवस पर अफ्रीका की सबसे ऊंची चोटी माउंट किलिमंजारो पर तिरंगा फहराया और राष्ट्रगान गाकर देश का मान बढ़ाया। बेंदुरा कला के किसान राजेश सिंह की बेटी अंजना ने समुद्र तल से 19,298 फीट की ऊंचाई पर स्थित इस बर्फीली चोटी पर पहुंचकर न केवल अपने जिले, बल्कि पूरे प्रदेश का नाम रोशन किया है। अंजना 19 जनवरी को इस मिशन के लिए मैहर से अफ्रीका के लिए रवाना हुई थीं और उन्होंने अपना लक्ष्य सफलतापूर्वक पूरा किया। यह अंजना की पहली उपलब्धि नहीं है। इससे पहले वह 20 मई 2024 को मनाली की 15,000 फीट ऊंची फ्रेंडशिप वैली में और 19 जुलाई को लद्दाख सीमा पर स्थित 6,011 फीट ऊंची शिनकुन पर्वत चोटी पर भी तिरंगा फहरा चुकी हैं। एक साधारण किसान परिवार से आने वाली अंजना की यह उपलब्धि युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है, जो दर्शाती है कि दृढ़ संकल्प और साहस से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
मैहर जिले के अमरपाटन ब्लॉक की रहने वाली पर्वतारोही अंजना सिंह ने 26 जनवरी को एक और उपलब्धि अपने नाम कर ली। अंजना ने गणतंत्र दिवस पर अफ्रीका की सबसे ऊंची चोटी माउंट किलिमंजारो पर तिरंगा फहराया और राष्ट्रगान गाकर देश का मान बढ़ाया। बेंदुरा कला के किसान राजेश सिंह की बेटी अंजना ने समुद्र तल से 19,298 फीट की ऊंचाई पर स्थित इस बर्फीली चोटी पर पहुंचकर न केवल अपने जिले, बल्कि पूरे प्रदेश का नाम रोशन किया है। अंजना 19 जनवरी को इस मिशन के लिए मैहर से अफ्रीका के लिए रवाना हुई थीं और उन्होंने अपना लक्ष्य सफलतापूर्वक पूरा किया। यह अंजना की पहली उपलब्धि नहीं है। इससे पहले वह 20 मई 2024 को मनाली की 15,000 फीट ऊंची फ्रेंडशिप वैली में और 19 जुलाई को लद्दाख सीमा पर स्थित 6,011 फीट ऊंची शिनकुन पर्वत चोटी पर भी तिरंगा फहरा चुकी हैं। एक साधारण किसान परिवार से आने वाली अंजना की यह उपलब्धि युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है, जो दर्शाती है कि दृढ़ संकल्प और साहस से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।